रक्त (क्रोमोप्रोटीन) भाग - ०१
अपने प्रवाह के दौरान रक्त, हमारे शरीर की करोड़ों कोशिकाओं तक विभिन्न आवश्यक तत्व, जो हमें भोजन से प्राप्त होते हैं, पहुंचाता है । साथ ही शरीर के अवशिष्ट पदार्थों एवं मृत कोशिकाओं को हटाता है। रक्त हमारे शरीर के सभी अंगों तक ऊष्मा का संचरण भी करता है, जो हमारे शरीर को विभिन्न प्रकार के संक्रमण से बचाती हैं । रक्त मूल रूप से एक पीले रंग के पदार्थ प्लाज्मा से बना होता है । जिस में लाल रक्त कणिकाएं प्रवाहित होते हैं। इनका प्रमुख कार्य हमारे फेफड़ों से ऑक्सीजन ग्रहण करके शरीर की कोशिकाओं तक पहुंचाना है । रक्त में सम्मिलित श्वेत रक्त कणिकाएं हमारे शरीर को प्रतिरोधक क्षमता प्रदान करती हैं। रक्त का एक अवयव बिंबाणु / प्लेटलेट्स भी होता है। जिसका कार्य हवा के संपर्क में आने पर रक्त का थक्का जमाना होता है। जिससे चोट लगने पर रक्त की ज्यादा हानि नहीं होने पाती। रक्त को एक समान गति से शरीर में प्रवाहित करने का कार्य हृदय दो नलिकाओं धमनी एवं शिरा की सहायता से किया जाता है । धमनी ऑक्सीजन युक्त रक्त को हृदय से शरीर के अन्य भागों तक तथा शिरा ऑक्सीज...